सड़कों से गौवंश हटाने कलेक्टर ने दिए सख्त निर्देश, पशुपालकों को जागरूक करने पंचायतों को मिली जिम्मेदारी

कवर्धा। जिले की सड़कों पर बैठे गौवंश से हो रहे हादसों की रोकथाम के लिए प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी गोपाल वर्मा के आदेश पर मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत कबीरधाम अजय त्रिपाठी ने सभी जनपद पंचायत सीईओ को निर्देश जारी किए हैं। इसमें कहा गया है कि पशुपालकों को जागरूक करते हुए सड़कों से गौवंश हटाए जाएं और यदि बार-बार समझाइस के बाद भी लापरवाही बरती जाती है तो भारतीय न्याय संहिता, पशु क्रूरता अधिनियम एवं पशु अतिचार अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी।
निर्देशों में स्पष्ट किया गया है कि ग्राम पंचायत स्तर पर मुनादी कर पशुपालकों को जागरूक किया जाए, सभी गौवंश का पंजीयन एवं ईयर टैगिंग कराई जाए तथा राष्ट्रीय राजमार्ग और व्यस्त सड़कों से पशुओं को हटाने की ठोस व्यवस्था की जाए।
गत दिवस जिला पंचायत में आयोजित बैठक में जिला पंचायत अध्यक्ष ईश्वरी साहू, उपाध्यक्ष कैलाश चंद्रवंशी सहित जनप्रतिनिधियों ने भी इस मुद्दे पर गंभीर चिंता जताई। अध्यक्ष श्री साहू ने कहा कि प्रतिदिन हो रही दुर्घटनाओं से जनहानि रुक सके, इसके लिए सभी का सामूहिक प्रयास जरूरी है।
कलेक्टर गोपाल वर्मा ने कहा कि दुर्घटनाओं की सबसे बड़ी वजह सड़कों पर बैठे गौवंश हैं। यह तभी रुक पाएगा जब पशुपालक जिम्मेदारी निभाते हुए अपने पशुओं को सड़कों पर न छोड़ें। उन्होंने स्पष्ट किया कि जागरूकता अभियान और सख्त कार्रवाई, दोनों समानांतर रूप से चलेंगे।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी अजय त्रिपाठी ने बताया कि ग्राम पंचायत सचिवों की बैठकों में इस विषय को प्राथमिकता से रखा जा रहा है। स्थानीय जनप्रतिनिधियों के सहयोग से पशुपालकों को लगातार समझाया जा रहा है कि सड़कों पर पशु छोड़ना हादसों का कारण बन रहा है। यदि चेतावनी के बाद भी स्थिति नहीं सुधरती तो पंचायत राज व्यवस्था के अंतर्गत दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।



